धर्म गुरु का गुरुत्व ” “किसी भी पंथगत धर्म के धर्म गुरु (साधु,संत,योगी,Regards:Iqbal Khan Gauri,Retired District Judge,M.P. Now: law adviser & Human duties Activist,Ujjain.
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“सकारात्मक चिंतन “
😞😞😞😞😞
आत्म अवलोकनार्थ ।
सम्मानीय आत्मजन,
शुभ दिवस ।
“धर्म गुरु का गुरुत्व “
“किसी भी पंथगत धर्म के धर्म गुरु (साधु,संत,योगी,
मौलवी, मुनि,आचार्य,धर्म ज्ञाता आदि) को पक्का व सच्चा (सत्य निष्ठ) धर्म गुरु तब ही संज्ञापित किया जा सकता है,जब वह अपने पंथगत धर्म के मानवीय मूल्यों की शिक्षा को प्रधानता व प्रमुखता प्रदान कर पूर्वाग्रह और पक्षपात की मानसिकता से मुक्त होकर मनुष्य को मनुष्य से जोड़कर मनुष्य से मानव बनने का मार्ग प्रशस्त करता है;क्योंकि सबका मालिक एक है,और समस्त पंथगत धर्मों का केन्द्रीय विषय आदर्श मनुष्य व आदर्श समाज का निर्माण कर इस धरती पर रामराज/धर्मराज/ निजामे ईलाही/स्वर्गीय राज (Heavenly state)की स्थापना करना है।”
प्रताप “भारती “
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Regards:Iqbal Khan Gauri,Retired District Judge,M.P.
Now: law adviser & Human duties Activist,Ujjain. “सकारात्मक चिंतन ”
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आत्म अवलोकनार्थ ।
सम्मानीय आत्मजन,
शुभ दिवस ।
“धर्म गुरु का गुरुत्व ”
“किसी भी पंथगत धर्म के धर्म गुरु (साधु,संत,योगी,
मौलवी, मुनि,आचार्य,धर्म ज्ञाता आदि) को पक्का व सच्चा (सत्य निष्ठ) धर्म गुरु तब ही संज्ञापित किया जा सकता है,जब वह अपने पंथगत धर्म के मानवीय मूल्यों की शिक्षा को प्रधानता व प्रमुखता प्रदान कर पूर्वाग्रह और पक्षपात की मानसिकता से मुक्त होकर मनुष्य को मनुष्य से जोड़कर मनुष्य से मानव बनने का मार्ग प्रशस्त करता है;क्योंकि सबका मालिक एक है,और समस्त पंथगत धर्मों का केन्द्रीय विषय आदर्श मनुष्य व आदर्श समाज का निर्माण कर इस धरती पर रामराज/धर्मराज/ निजामे ईलाही/स्वर्गीय राज (Heavenly state)की स्थापना करना है।”
प्रताप “भारती ”
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Regards:Iqbal Khan Gauri,Retired District Judge,M.P.
Now: law adviser & Human duties Activist,Ujjain.
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