रतलाम कलेक्टर मिशा सिंह ने अंबेडकर बस्ती में जाकर धनतेरस के अवसर पर उत्साह पूर्ण वातावरण में महिलाओं को दीपावली की शुभकामनाएं दी – किस्मत न्यूज

किस्मत न्यूज

Latest Online Breaking News

रतलाम कलेक्टर मिशा सिंह ने अंबेडकर बस्ती में जाकर धनतेरस के अवसर पर उत्साह पूर्ण वातावरण में महिलाओं को दीपावली की शुभकामनाएं दी

😊 Please Share This News 😊

दिवाली पर मध्यप्रदेश में संसाधन विहीन बस्तियों और साधनहीन परिवारों में त्योहार की रौनक फीकी न रहे.

 

 मनोहर मालवीय 

 

रतलाम कलेक्टर मिशा सिंह ने अंबेडकर बस्ती में जाकर धनतेरस के अवसर पर उत्साह पूर्ण वातावरण में महिलाओं को दीपावली की शुभकामनाएं दी। कार्यक्रम के दौरान के दौरान सौभाग्य की डलियां,शुभकामनाओं के साथ वितरित की। उन्होंने महिलाओं से अपील की कि दिवाली मनाते समय अपने बच्चों और कपड़ों का ध्यान रखें और ज्यादा तेज आवाज वाले पटाखे ना जलाएं , क्योंकि वह स्वास्थ्य के लिए ठीक नहीं होता है। आनंद विभाग की जिला समन्वयक सीमा अग्निहोत्री ने बताया कि इस अभियान हेतु अंबेडकर बस्ती में 51 परिवार ऐसे चिन्हित किए गए थे जो आर्थिक रूप से अत्यधिक कमजोर हैं।इन परिवारों की महिलाओं को सौभाग्य की डलिया’ अर्थात पूजन सामग्री, मिठाई, कपड़े बांटे गए। इस हेतु सारथी संस्था से दीपक लिए गए ताकि बौद्धिक दिव्यांगों को प्रोत्साहन मिले। सारथी संस्था के कुल 42 दिव्यांग बच्चों ने दिवाली हेतु खूबसूरत डलिया तैयार की हैं।अनय अपने हाथों से बनाई डलिया को देखकर कलेक्टर द्वारा मंच पर बैठाने से अत्यंत प्रसन्न हुआ।

आनंदक पुष्पेंद्र सिंह सिसौदिया ने बताया कि त्यौहार की व्यस्तता के बीच धनतेरस पर यह नेक काम’ करते हैं। आनंदक गिरीश सारस्वत ने बताया कि समाज का वंचित वर्ग भी त्योहार मना सके इस मंशा से हर घर दिवाली मुहिम शुरू की गई है। ब्रह्मकुमारी मनोरमा दीदी ने मिल जुल कर दिवाली मनाने हेतु प्रेरित किया। बी के धर्मा कोठारी द्वारा सभी को मिठाई के पैकेट दिए गए। आनंदक सुरेन्द्र अग्निहोत्री,विनीता ओझा,अशोक मेहता,विभा राठौड़ ,सतीश टांक,संदीप नारले द्वारा बच्चों को बिस्किट के पैकेट वितरित किए गए।कार्यक्रम का संचालन जन अभियान परिषद के जिला समन्वयक रत्नेश विजयवर्गीय ने किया।आनंदक मधु परिहार ने सभी का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि 3 साल से यह अभियान चला रहे है,जो जन सहयोग से ही संभव हो पाया है। कार्यक्रम के अंत में सभी आनंदकों ने एक दूसरे को दिए भेंट कर प्रकाश से प्रकाश जोड़ने की परंपरा को साकार किया।

व्हाट्सप्प आइकान को दबा कर इस खबर को शेयर जरूर करें 

स्वतंत्र और सच्ची पत्रकारिता के लिए ज़रूरी है कि वो कॉरपोरेट और राजनैतिक नियंत्रण से मुक्त हो। ऐसा तभी संभव है जब जनता आगे आए और सहयोग करे

Donate Now

[responsive-slider id=1466]

You may have missed 7869552754