माता रमाबाई की जयंती बड़े हर्षोल्लास से मनाई गई:सलोनी देवी  जिला (रोहतास) सासाराम – – किस्मत न्यूज

किस्मत न्यूज

Latest Online Breaking News

माता रमाबाई की जयंती बड़े हर्षोल्लास से मनाई गई:सलोनी देवी  जिला (रोहतास) सासाराम –

😊 Please Share This News 😊

 

रिपब्लिकन पार्टी ऑफ इंडिया( ए) के तत्वावधान में रमाबाई की तस्वीर पर रिपब्लिकन पार्टी ऑफ इंडिया ( ए) बिहार महिला प्रदेश अध्यक्ष सलोनी देवी माल्यार्पण कर धूमधाम से जयंती मनाई गयी. रिपब्लिकन पार्टी ऑफ इंडिया ( ए) बिहार महिला प्रदेश अध्यक्ष सलोनी देवी कहा कि रमाबाई डॉ. भीमराव अंबेडकर की पत्नी थीं. रमाबाई का जन्म 7 फरवरी 1898 को एक गरीब परिवार में हुआ था। उनके पिता का नाम भीकू धुत्रे और माता का नाम रुक्मिणी था वनाड गांव की महरपुरा बस्ती में रहती थी। उनके तीन बहनें और एक भाई है यह शंकर था. रमाबाई का विवाह 15 वर्ष की उम्र में डॉ. भीमराव अम्बेडकर से हुआ था। वह डॉ. अम्बेडकर के विश्व प्रसिद्ध महापुरुष बनने में उनके साथ थीं। रामबाई ने अत्यधिक गरीबी में भी बड़े संतोष और धैर्य के साथ घर की सेवा की और हर कठिनाई के साथ बाबा साहब का साहस बढ़ता गया। रमाबाई की मृत्यु से उन्हें इतना सदमा लगा कि उन्होंने अपने सिर के बाल मुंडवा लिये। वह बहुत दुःखी और परेशान रहने लगा। ऐसा जीवनसाथी जो गरीबी और बदहाली में संकटो से झुझता रहा और अब जब सुख पाने का समय आया तो वह हमेशा परेशान रहने लगा रमाबाई सात्विक एवं धार्मिक प्रवृत्ति की गृहणी थी। उनकी पंढरपुर जाने की बड़ी इच्छा थी। महाराष्ट्र के पंढरपुर में विट्ठल रुक्मणी का प्रसिद्ध मंदिर है, हालाँकि हिंदू मंदिरों में अछूतों का प्रवेश वर्जित था।

 

व्हाट्सप्प आइकान को दबा कर इस खबर को शेयर जरूर करें 

स्वतंत्र और सच्ची पत्रकारिता के लिए ज़रूरी है कि वो कॉरपोरेट और राजनैतिक नियंत्रण से मुक्त हो। ऐसा तभी संभव है जब जनता आगे आए और सहयोग करे

Donate Now

[responsive-slider id=1466]